Kitab Hindi | Taurat

The Taurat Kitab remains a highly relevant text in modern times, with its teachings and principles continuing to inspire millions of people around the world. In Hindi, the Taurat Kitab is widely studied and interpreted by scholars and laypeople alike, who seek to understand its significance and relevance in contemporary society.

इस्लाम में तौरात को अल्लाह की एक सच्ची किताब माना गया है. कुरआन में 'तौरात' शब्द का उल्लेख 18 बार हुआ है.

इसमें हजरत मूसा के नेतृत्व में बनी इस्राइल (इज़राइल की औलाद) का मिस्र (Egypt) की गुलामी से आजाद होने और फिरौन के डूबने की कहानी है।

UrduGeoVersion जैसे पोर्टल्स पर तौरात का हिंदी पीडीएफ संस्करण भी देखा जा सकता है। taurat kitab hindi

In South Asia, particularly for Hindi and Urdu speakers, the Taurat is often studied within the framework of (People of the Book).

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इस्लाम में तौरात का महत्व (Importance of Taurat in Islam) The Taurat Kitab remains a highly relevant text

हत्या, चोरी, व्यभिचार (ज़िना) और झूठी गवाही से बचना।

'तौरात' शब्द इब्रानी भाषा के 'तोराह' से आया है, जिसका अर्थ है या "कानून" । यहूदी परंपरा के अनुसार, इसमें वे निर्देश और नियम शामिल हैं जो ईश्वर ने इस्राएलियों के मार्गदर्शन के लिए दिए थे। ईसाई बाइबिल (ओल्ड टेस्टामेंट) की शुरुआत भी इन्हीं ग्रंथों से होती है।

The Taurat Kitab has a long and complex history that spans over 3,000 years. The original text was revealed by Allah to the Prophet Moses, who then transmitted it to his people. Over time, the text was translated and interpreted into various languages, including Hebrew, Greek, and Latin. बल्कि यह मानव इतिहास

आप 'ओल्ड टेस्टामेंट' या 'उत्पत्ति से व्यवस्थाविवरण' तक की हिंदी बाइबिल खरीद सकते हैं, जो तौरात का ही अनुवाद है।

तौरात किताब सिर्फ एक धार्मिक ग्रंथ नहीं है, बल्कि यह मानव इतिहास, कानून और नैतिकता का एक अनमोल दस्तावेज है। चाहे आप किसी भी धर्म से ताल्लुक रखते हों, तौरात को पढ़ने से आपको इतिहास की गहरी समझ मिलती है और यह पता चलता है कि प्राचीन काल में इंसानों को किस तरह की जीवनशैली और नियमों का पालन करने की हिदायत दी गई थी।

तौरात में धार्मिक नियमों, इतिहास और नैतिकता का वर्णन है। इसके मुख्य विषयों में शामिल हैं: सृष्टि की रचना:

यहूदी धर्म (Judaism) और ईसाई धर्म (Christianity) में तौरात को 'ओल्ड टेस्टामेंट' (Old Testament) या 'हिब्रू बाइबिल' के पहले पांच भागों के रूप में जाना जाता है। इसे "मूसा की पांच किताबें" (Five Books of Moses) भी कहते हैं। इसके पांच मुख्य हिस्से इस प्रकार हैं: